Begin typing your search above and press return to search.
ताजा खबरें

अनुच्छेद 370 याचिकाओं को "निश्चित रूप से सूचीबद्ध करेंगे": सुप्रीम कोर्ट दशहरे के बाद जम्मू-कश्मीर के विशेष दर्जे के हनन को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करेगा

LiveLaw News Network
23 Sep 2022 5:49 AM GMT
अनुच्छेद 370 याचिकाओं को निश्चित रूप से सूचीबद्ध करेंगे: सुप्रीम कोर्ट दशहरे के बाद जम्मू-कश्मीर के विशेष दर्जे के हनन को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करेगा
x

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को कहा कि वह दशहरा की छुट्टियों के बाद अनुच्छेद 370 के तहत जम्मू-कश्मीर के विशेष दर्जे को खत्म करने को चुनौती देने वाली याचिकाओं को सूचीबद्ध करेगा।

भारत के मुख्य न्यायाधीश यूयू ललित ने कहा,

"हम निश्चित रूप से इसे सूचीबद्ध करेंगे।"

चीफ जस्टिस ने ऐसा तब कहा जब इन मामलों को जल्दी सूचीबद्ध करने के लिए एक वकील ने उल्लेख किया।

यह ध्यान दिया जा सकता है कि 2019 में याचिकाओं को एक संविधान पीठ को भेजा गया था जिसमें जस्टिस एनवी रमना, जस्टिस संजय किशन कौल, जस्टिस आर सुभाष रेड्डी, जस्टिस बीआर गवई और जस्टिस सूर्य कांत शामिल थे। बेंच के सदस्यों में से एक जस्टिस सुभाष रेड्डी इस साल जनवरी में सेवानिवृत्त हुए। सीजेआई शायद इस तथ्य का जिक्र करते हुए कह रहे थे कि उन्हें बेंच का पुनर्गठन करना होगा।

अगस्त 2019 में केंद्र द्वारा जारी अधिसूचनाओं के लगभग 4 महीने बाद, दिसंबर 2019 में 5 न्यायाधीशों की पीठ के समक्ष अनुच्छेद 370 के मामलों की सुनवाई शुरू हुई। मामले में एक प्रारंभिक मुद्दा उठा कि प्रेम नाथ कौल और संपत प्रकाश के मामलों में सुप्रीम कोर्ट की दो समन्वय पीठों द्वारा व्यक्त की गई राय में कथित भिन्नता के आलोक में इस मामले को क्या 7-न्यायाधीशों की पीठ को भेजना आवशयक है।

2 मार्च, 2020 के एक फैसले के द्वारा संविधान पीठ ने कहा कि अनुच्छेद 370 के तहत जारी राष्ट्रपति के आदेशों को चुनौती देने के मामले को एक बड़ी पीठ के पास भेजने की कोई आवश्यकता नहीं है।

याचिकाओं को 2 मार्च, 2020 के बाद सूचीबद्ध नहीं किया गया है।

Next Story