विदेश यात्रा की ठोस योजना बताए बिना पासपोर्ट नहीं लौटाया जाएगा: तीस्ता सीतलवाड़ को सुप्रीम कोर्ट ने राहत देने से किया इनकार

Amir Ahmad

29 April 2026 5:55 PM IST

  • विदेश यात्रा की ठोस योजना बताए बिना पासपोर्ट नहीं लौटाया जाएगा: तीस्ता सीतलवाड़ को सुप्रीम कोर्ट ने राहत देने से किया इनकार

    सुप्रीम कोर्ट ने सोशल एक्टिविस्ट तीस्ता सीतलवाड़ की पासपोर्ट रिहाई संबंधी याचिका का निस्तारण करते हुए फिलहाल पासपोर्ट लौटाने से इनकार किया।

    अदालत ने कहा कि बिना स्पष्ट विदेश यात्रा योजना बताए पासपोर्ट जारी नहीं किया जा सकता।

    जस्टिस दिपांकर दत्ता, जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा और जस्टिस आलोक अराधे की पीठ ने सीतलवाड़ को यह स्वतंत्रता दी कि जब भी वह विदेश यात्रा करना चाहें, तब नई अर्जी दाखिल कर सकती हैं।

    सुनवाई के दौरान सीतलवाड़ की ओर से सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने कहा कि फिलहाल उनकी कोई निर्धारित विदेश यात्रा नहीं है लेकिन पासपोर्ट की वैधता एक वर्ष के भीतर समाप्त होने वाली है और नवीनीकरण के लिए दस्तावेज आवश्यक होगा।

    इस पर अदालत ने कहा कि नवीनीकरण का प्रश्न आने पर आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे परंतु केवल इस आधार पर पासपोर्ट नहीं लौटाया जा सकता।

    खंडपीठ ने स्पष्ट कहा,

    “पासपोर्ट जारी करने के लिए आपको विदेश यात्रा का पूरा कार्यक्रम बताना होगा। हम इसे ऐसे ही जारी नहीं करेंगे।”

    अदालत ने यह भी कहा कि विदेश यात्रा की आवश्यकता होने पर याचिका शीघ्र सुनवाई के लिए सूचीबद्ध की जाएगी, क्योंकि मामला मौलिक अधिकारों से जुड़ा है।

    उल्लेखनीय है कि तीस्ता सीतलवाड़ को वर्ष 2023 में सुप्रीम कोर्ट ने नियमित जमानत दी थी। उस जमानत की शर्तों के तहत उनका पासपोर्ट सत्र न्यायालय की अभिरक्षा में जमा है।

    उनके विरुद्ध गुजरात पुलिस ने 2002 दंगा मामलों से संबंधित साक्ष्य गढ़ने के आरोप में मामला दर्ज किया था।

    इससे पहले सुप्रीम कोर्ट उन्हें विशेष अनुमति देकर एम्स्टर्डम और मलेशिया यात्रा के लिए पासपोर्ट उपयोग की अनुमति दे चुका है।

    फिलहाल अदालत ने स्पष्ट किया कि भविष्य में किसी भी विदेश यात्रा के लिए विस्तृत कार्यक्रम प्रस्तुत करने पर ही पासपोर्ट रिहा करने पर विचार किया जाएगा।

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