जजों की घेराबंदी पर सख्त सुप्रीम कोर्ट, पूछा- क्या साजिश के पीछे राजनीतिक हैं संबंध?
Amir Ahmad
13 April 2026 5:34 PM IST

पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में न्यायिक अधिकारियों की घेराबंदी के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाते हुए यह जानना चाहा है कि घटना के पीछे शामिल लोगों का कोई राजनीतिक संबंध था या नहीं।
चीफ जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्य बागची की पीठ इस मामले की स्वतः संज्ञान कार्यवाही कर रही है। अदालत ने स्पष्ट किया कि यह केवल शैक्षणिक सवाल नहीं है बल्कि मामले को तार्किक निष्कर्ष तक पहुंचाया जाएगा।
सुनवाई के दौरान अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल ऐश्वर्या भाटी ने अदालत को बताया कि राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) इस मामले की जांच जारी रखेगी। वहीं राज्य सरकार की ओर से पेश सीनियर एडवोकेट सिद्धार्थ लूथरा ने कहा कि पश्चिम बंगाल पुलिस जांच में पूरा सहयोग कर रही है।
गौरतलब है कि 1 अप्रैल को मालदा के कालियाचक क्षेत्र में सात न्यायिक अधिकारियों को एक हिंसक भीड़ ने शाम से लेकर देर रात तक घेरकर रखा था, जब वे विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्य कर रहे थे।
इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच NIA को सौंप दी थी और राज्य पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठाए थे।
अदालत ने राज्य के मुख्य सचिव, गृह सचिव, पुलिस महानिदेशक और स्थानीय अधिकारियों की देरी पर नाराजगी जताई थी। साथ ही भारत निर्वाचन आयोग को निर्देश दिया था कि ऐसे मामलों में न्यायिक अधिकारियों की सुरक्षा के लिए केंद्रीय बलों की व्यवस्था की जाए।
मामले में अब तक कुछ आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है जिन्हें NIA की हिरासत में भेजा गया है।

