बॉम्बे हाइकोर्ट ने HDFC बैंक के मुख्य कार्यकारी अधिकारी शशिधर जगदीशन के खिलाफ दर्ज रिश्वतखोरी की FIR रद्द की। यह FIR लीलावती कीर्तिलाल मेहता मेडिकल ट्रस्ट द्वारा दर्ज कराई गई थी।
जस्टिस मकरंद कर्णिक और जस्टिस नितिन बोरकर की खंडपीठ ने मंगलवार को यह आदेश सुनाया।
मामले में शिकायतकर्ता ट्रस्ट मुंबई के प्रसिद्ध लीलावती अस्पताल का संचालन करता है। ट्रस्ट ने अपनी FIR में आरोप लगाया था कि शशिधर जगदीशन ने पूर्व ट्रस्टी चेतन मेहता से 2.05 करोड़ रुपये की रिश्वत ली थी।
आरोप के अनुसार, यह राशि चेतन मेहता को वित्तीय सलाह देने और ट्रस्ट के प्रबंधन पर उनका नियंत्रण बनाए रखने में मदद करने के बदले दी गई।
ट्रस्ट ने यह भी आरोप लगाया था कि HDFC बैंक प्रमुख ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए ट्रस्ट के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप किया।
हालांकि, बॉम्बे हाईकोर्ट ने इन आरोपों के आधार पर दर्ज FIR रद्द की।