Top
Begin typing your search above and press return to search.
मुख्य सुर्खियां

आदेश की प्रमाणित प्रति मांगने वाले निचली अदालत से बॉम्बे हाई कोर्ट ने कहा, हाई कोर्ट के आधिकारिक वेबसाइट से लिया जाने वाला आदेश क़ानूनन वैध है [आर्डर पढ़े]

LiveLaw News Network
12 Feb 2018 1:14 PM GMT
आदेश की प्रमाणित प्रति मांगने वाले निचली अदालत से बॉम्बे हाई कोर्ट ने कहा, हाई कोर्ट के आधिकारिक वेबसाइट से लिया जाने वाला आदेश क़ानूनन वैध है [आर्डर पढ़े]
x

बॉम्बे हाई कोर्ट ने कहा है कि उसके आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड होने वाले आदेश कानूनन वैध हैं और आदेशों की प्रमाणित प्रति मांगने पर जोर देने वाली निचली अदालत यह देख सकता है कि कथित आदेश वेबसाइट पर अपलोडेड है कि नहीं।

औरंगाबाद पीठ के न्यायमूर्ति आरवी घुगे ने यह आदेश कुछ आवेदनों के बारे में एडवोकेट सुविध कुलकर्णी के यह कहने के बाद दिया कि सुनवाई अदालत हाई कोर्ट के आदेशों की प्रमाणित प्रति पेश करने पर पर जोर दे रहा है। कुलकर्णी ने कहा कि निचली अदालत यह मानने के लिए तैयार नहीं है कि इस तरह का कोई आदेश विश्वसनीय दस्तावेज हो सकता है।

न्यायमूर्ति घुगे ने स्पष्ट करते हुए कहा –

मेरे विचार में यह आशंका गलत है क्योंकि आधिकारिक वेबसाइट से लिया गया प्रिंटआउट कानूनी रूप से वैध है और निचली अदालतों से उम्मीद की जाती है कि वे इसे वैध मानें अगर ये आधिकारिक वेबसाइट से प्रिंट किए गए हैं। ये आदेश निचली अदालतों को भी उस वेबसाइट से उपलब्ध हैं और ये अदालतें इस बात का सत्यापन वेबसाइट को देखकर कर सकते हैं कि यह आदेश उस वेबसाइट पर है कि नहीं। इस स्थिति में अगर इस तरह का आदेश आधिकारिक वेबसाइट से प्रिंटआउट लेकर पेश किया जाता है तो इसमें कोई नुकसान नहीं है।

एक बार जब आदेश आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड कर दिया जाता है तो यह विश्वसनीय दस्तावेज बन जाता है जिस पर कोर्ट विश्वास कर सकता है।”

कोर्ट ने कहा कि चूंकि कई अन्य वकीलों ने भी विगत में इस मुद्दे को उठाया है, न्यायिक रजिस्ट्रार को यह आदेश दिया जता है कि वह इस आदेश की कॉपी को महाराष्ट्र के सभी प्रमुख जिला जजों को भेज दें ताकि इस आदेश उनके ध्यान में रहे और इसका पालन हो सके।


 
Next Story